कोंडागांव । CG NEWS: जिला मुख्यालय कोंडागांव में शनिवार 3 अक्टूबर को छत्तीसगढ़ सर्व पिछड़ा वर्ग समाज जिला शाखा के तत्वावधान में विशाल आमसभा एवं अधिकार रैली का आयोजन किया गया। विकासनगर स्टेडियम में आयोजित आमसभा में जिले के विभिन्न क्षेत्रों से बड़ी संख्या में पिछड़ा वर्ग समाज के लोग शामिल हुए। इसके बाद समाज की तीन प्रमुख मांगों को लेकर शहर में विशाल अधिकार रैली निकाली गई।
आमसभा के बाद रैली में युवा, महिलाएं, समाज के पदाधिकारी और बड़ी संख्या में समाज के सदस्य शामिल हुए। रैली शहर के विभिन्न प्रमुख मार्गों से होते हुए एसडीएम कार्यालय पहुंची। इस दौरान समाज के लोगों ने अपनी मांगों के समर्थन में नारे लगाए और शासन-प्रशासन का ध्यान अपनी मांगों की ओर आकर्षित किया।
तीन सूत्रीय मांगों को लेकर सौंपा ज्ञापन
रैली के एसडीएम कार्यालय पहुंचने के बाद समाज के प्रतिनिधिमंडल ने कोंडागांव एसडीएम को तीन सूत्रीय मांगों से संबंधित ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन के माध्यम से पिछड़ा वर्ग समाज से जुड़ी विभिन्न मांगों को शासन के समक्ष रखने और उन पर आवश्यक कार्रवाई की मांग की गई।
27 प्रतिशत आरक्षण की मांग प्रमुख
समाज की प्रमुख मांगों में छत्तीसगढ़ में पिछड़ा वर्ग को 27 प्रतिशत आरक्षण दिए जाने की मांग शामिल रही। समाज के पदाधिकारियों ने इसे अपने अधिकारों से जुड़ा महत्वपूर्ण मुद्दा बताते हुए शासन के समक्ष अपनी बात रखी।
इसके साथ ही राष्ट्रीय जनगणना में ओबीसी के लिए अलग कॉलम निर्धारित कर जातिगत जनगणना कराने की मांग भी रखी गई। समाज का कहना है कि ओबीसी समाज की वास्तविक सामाजिक एवं जनसंख्या स्थिति सामने लाने के लिए जातिगत आंकड़ों का संकलन महत्वपूर्ण है।
पांचवीं अनुसूची और पेसा कानून का लाभ देने की मांग
तीसरी प्रमुख मांग के रूप में विभिन्न क्षेत्रों में निवासरत मूलनिवासी ओबीसी समाज को पांचवीं अनुसूची एवं पेसा कानून के तहत मिलने वाली सुविधाओं का लाभ दिए जाने की मांग रखी गई।
समाज के प्रतिनिधियों ने ज्ञापन के माध्यम से संबंधित मांगों पर शासन स्तर से आवश्यक पहल किए जाने की मांग की।
बड़ी संख्या में शामिल हुए समाज के लोग
अधिकार रैली में जिले के अलग-अलग क्षेत्रों से समाज के लोग पहुंचे। रैली में युवाओं के साथ महिलाएं और समाज के विभिन्न पदाधिकारी भी नजर आए। बड़ी संख्या में लोगों की मौजूदगी के चलते शहर में रैली को लेकर लोगों का ध्यान आकर्षित हुआ।
आयोजकों की ओर से रैली में हजारों की संख्या में सर्व पिछड़ा वर्ग समाज के लोगों के शामिल होने की बात कही गई।
शासन तक अपनी आवाज पहुंचाने का प्रयास
समाज के पदाधिकारियों ने कहा कि अधिकार रैली का उद्देश्य पिछड़ा वर्ग समाज की मांगों और समस्याओं को संगठित रूप से शासन-प्रशासन के समक्ष रखना है। उन्होंने कहा कि समाज की तीन सूत्रीय मांगों को लेकर प्रशासन को ज्ञापन सौंपा गया है और शासन स्तर पर आवश्यक कार्रवाई की अपेक्षा की जा रही है।
सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस रही मुस्तैद
रैली में बड़ी संख्या में लोगों की मौजूदगी को देखते हुए पुलिस प्रशासन भी मुस्तैद रहा। रैली मार्ग और प्रमुख स्थानों पर पुलिस बल की तैनाती की गई। यातायात व्यवस्था और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस जवानों की ड्यूटी लगाई गई।
कोंडागांव में आयोजित इस विशाल आमसभा और अधिकार रैली के माध्यम से सर्व पिछड़ा वर्ग समाज ने 27 प्रतिशत आरक्षण, ओबीसी के लिए अलग कॉलम के साथ जातिगत जनगणना तथा पांचवीं अनुसूची एवं पेसा कानून के तहत सुविधाओं का लाभ जैसी तीन प्रमुख मांगों को लेकर शासन-प्रशासन के समक्ष अपनी बात रखी। अब इन मांगों पर शासन स्तर से आगे क्या कदम उठाए जाते हैं, इस पर समाज की नजर रहेगी।




