रायपुर/जांजगीर-चांपा। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के निर्देश पर प्रदेश में कृषि आदानों की गुणवत्ता और नियमों के पालन को लेकर कृषि विभाग ने सख्ती बढ़ा दी है। इसी कड़ी में जांजगीर-चांपा जिले के नवागढ़ विकासखंड स्थित मेसर्स बालाजी कृषि केंद्र में बिना प्रिंसिपल सर्टिफिकेट के विभिन्न कंपनियों के कीटनाशक उत्पादों का भंडारण पाए जाने पर विभाग ने कार्रवाई की है।
संयुक्त निरीक्षण के दौरान नियमों का उल्लंघन सामने आने के बाद कृषि विभाग ने मेसर्स बालाजी कृषि केंद्र को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। इसके अलावा संबंधित कीटनाशक उत्पाद उपलब्ध कराने वाली कंपनियों को भी नोटिस जारी कर 2 सितंबर 2026 तक जवाब प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं।
संयुक्त निरीक्षण के बाद सामने आया मामला
कृषि विभाग की यह कार्रवाई 20 अगस्त 2026 को राज्य एवं जिला स्तरीय संयुक्त निरीक्षण दल द्वारा मेसर्स बालाजी कृषि केंद्र, नवागढ़ के निरीक्षण के बाद की गई। निरीक्षण के दौरान प्रतिष्ठान में विभिन्न कंपनियों के कीटनाशक उत्पाद पाए गए, जिनके भंडारण को लेकर आवश्यक प्रिंसिपल सर्टिफिकेट उपलब्ध नहीं था।
विभाग के अनुसार यह मामला कीटनाशी अधिनियम, 1968 और कीटनाशी नियम, 1971 के प्रावधानों के उल्लंघन से जुड़ा है। इसी आधार पर संबंधित प्रतिष्ठान और उत्पाद उपलब्ध कराने वाली कंपनियों को नोटिस जारी किए गए हैं।
कई नामी कंपनियों को नोटिस
विभाग की कार्रवाई के दायरे में देश की कई जानी-मानी कृषि एवं कीटनाशक कंपनियां भी आई हैं। इनमें पीआई इंडस्ट्रीज लिमिटेड, आईपीएल ओवरसीज, कॉर्टेवा एग्रीसाइंस इंडिया प्राइवेट लिमिटेड, बीएएसएफ इंडिया लिमिटेड, गायत्री इंसेक्टिसाइड इंडिया प्राइवेट लिमिटेड, बायरा क्रॉप साइंस लिमिटेड, स्वाल कॉर्पोरेशन लिमिटेड समेत अन्य कंपनियां शामिल हैं।
इसके अलावा सिनजेंटा इंडिया प्राइवेट लिमिटेड, रालिस इंडिया लिमिटेड, अतुल लिमिटेड, धर्माज क्रॉप गार्ड लिमिटेड, एमबीएफ इंडिया प्राइवेट लिमिटेड, सेफेक्स केमिकल्स इंडिया लिमिटेड, इंसेक्टिसाइड्स (इंडिया) लिमिटेड, नेशनल फर्टिलाइजर्स लिमिटेड, अनु प्रोडक्ट्स लिमिटेड, जीएसपी क्रॉप साइंस प्राइवेट लिमिटेड और ट्रॉपिकल एग्रो सिस्टम इंडिया प्राइवेट लिमिटेड को भी नोटिस जारी किया गया है।
अन्य कंपनियां भी कार्रवाई की जद में
नोटिस पाने वाली अन्य कंपनियों में क्रिस्टल क्रॉप प्रोटेक्शन लिमिटेड, मेधनी एग्रोटेक प्राइवेट लिमिटेड, विलोवुड केमिकल्स लिमिटेड, निचिनो इंडिया प्राइवेट लिमिटेड, केमिनोवा इंडिया लिमिटेड, श्रीराम बायोकैम कॉर्पोरेशन, जय सी लाइफ साइंसेज, भगवती ओवरसीज, सरस्वती एग्रो केमिकल्स (इंडिया) प्राइवेट लिमिटेड, जीवाग्रो लिमिटेड, एचपीएम केमिकल्स एंड फर्टिलाइजर्स लिमिटेड, आईपीएल बायोलॉजिकल लिमिटेड और ब्लू चिप मार्केटिंग कंपनी शामिल हैं।
इसके साथ ही बिलासपुर की मेसर्स आलोक एग्रो केमिकल्स, राजनांदगांव की मेसर्स खंडेलवाल पेस्टिसाइड्स प्राइवेट लिमिटेड और तेलंगाना की मेसर्स श्रीकर बायोटेक प्राइवेट लिमिटेड को भी नोटिस जारी किया गया है।
2 सितंबर तक देना होगा जवाब
कृषि विभाग ने संबंधित सभी पक्षों को निर्धारित समय सीमा के भीतर अपना जवाब प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं। विभाग की इस कार्रवाई को कृषि आदानों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने और किसानों को नियमों के अनुरूप कृषि सामग्री उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।




