नई दिल्ली। Asian Games 2026: एशियन गेम्स 2026 में भारतीय महिला रिकर्व तीरंदाजी टीम ने इतिहास रच दिया है। अंकिता भकत, कीर्ति शर्मा और 17 वर्षीय कुमकुम मोहोड़ की तिकड़ी ने शुक्रवार को फाइनल में मजबूत दक्षिण कोरियाई टीम को 5-3 से हराकर स्वर्ण पदक अपने नाम किया। एशियाई खेलों में महिला रिकर्व टीम का यह भारत का पहला गोल्ड मेडल है।
तेज हवाओं के बीच खेले गए मुकाबले में भारतीय तीरंदाजों ने शानदार संयम दिखाया। दक्षिण कोरिया की टीम में तोक्यो ओलंपिक में स्वर्ण जीतने वाली टीम की सदस्य कांग चेयंग के अलावा ओ येजिन और ली युनजी शामिल थीं। इसके बावजूद भारतीय टीम ने दबाव में बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए मुकाबला अपने नाम किया।
फाइनल के शुरुआती दो सेट बेहद रोमांचक रहे। पहले सेट में दोनों टीमों का स्कोर 54-54 रहा, जबकि दूसरे सेट में भी मुकाबला 56-56 की बराबरी पर खत्म हुआ। दोनों टीमों को एक-एक अंक मिला और मुकाबला बराबरी पर बना रहा।
तीसरे सेट में दक्षिण कोरिया दबाव में नजर आया। कोरियाई तीरंदाजों ने लगातार तीन बार आठ अंक हासिल किए और टीम 52 अंक ही जुटा सकी। भारत ने मौके का फायदा उठाते हुए 55 अंक बनाए और सेट अपने नाम कर लिया। इससे भारतीय टीम ने 4-2 की बढ़त हासिल कर ली।
चौथे सेट में दक्षिण कोरिया ने वापसी की कोशिश की और 54 अंक बनाए। भारत की ओर से कीर्ति शर्मा के एक तीर को पहले आठ अंक माना गया, लेकिन समीक्षा के बाद उसे नौ अंक दिया गया। इसके चलते भारत का स्कोर भी 54 हो गया। सेट बराबरी पर रहने के बावजूद भारत पहले ही जरूरी बढ़त हासिल कर चुका था और इसी के साथ टीम ने ऐतिहासिक स्वर्ण पदक जीत लिया।
इससे पहले भारतीय महिला रिकर्व टीम ने सेमीफाइनल में चीन को 5-1 से हराकर पहली बार एशियाई खेलों के फाइनल में जगह बनाई थी। फाइनल में दक्षिण कोरिया को हराकर टीम ने भारतीय तीरंदाजी के इतिहास में एक और बड़ी उपलब्धि जोड़ दी।
महिला रिकर्व टीम का यह स्वर्ण एशियाई खेलों में भारत का तीरंदाजी का चौथा गोल्ड है। इससे पहले भारतीय खिलाड़ियों ने पुरुष कंपाउंड, महिला कंपाउंड और मिश्रित कंपाउंड टीम स्पर्धाओं में भी स्वर्ण पदक जीते थे। 2023 के हांगझोउ एशियाई खेलों में भारतीय महिला रिकर्व टीम ने कांस्य पदक हासिल किया था।
भारतीय आर्चरी कोच लोकेश चंद ने इस जीत को बड़ी उपलब्धि बताया। उन्होंने कहा कि दक्षिण कोरिया 10 बार की ओलंपिक चैंपियन टीम है और 1978 के बाद से वह फाइनल में नहीं हारी थी। उन्होंने भारतीय टीम की युवा खिलाड़ियों के प्रदर्शन की भी सराहना की और बताया कि 26 वर्षीय अंकिता भकत ने टीम का नेतृत्व किया।
इस जीत के साथ भारतीय महिला रिकर्व टीम ने न सिर्फ अपना पहला एशियाई खेल स्वर्ण पदक हासिल किया, बल्कि दक्षिण कोरिया के लंबे दबदबे को भी चुनौती देते हुए इतिहास के पन्नों में अपना नाम दर्ज करा दिया।




