Bilaspur Crime News: बिलासपुर जिले में अपराधियों के खिलाफ पुलिस ने मंगलवार रात ऐसा मेगा एक्शन चलाया, जिससे असामाजिक तत्वों में खलबली मच गई। डीआईजी सह एसएसपी रजनेश सिंह के सख्त निर्देश पर जिले के सभी थाना क्षेत्रों में एक साथ विशेष कांबिंग गश्त अभियान शुरू किया गया, जिसमें करीब 300 पुलिस अधिकारी और कर्मचारी पूरी तरह फील्ड में उतरे।
इस सुनियोजित कार्रवाई के तहत अलग-अलग टीमों का गठन कर वारंटियों के घरों, संदिग्ध ठिकानों, होटल-ढाबों, सार्वजनिक स्थलों और अपराध संभावित इलाकों में एक साथ दबिश दी गई। अभियान के दौरान पुलिस ने 126 वारंटियों को गिरफ्तार किया, जिनमें 50 स्थायी वारंटी और 76 गिरफ्तारी वारंट वाले आरोपी शामिल हैं, जबकि लंबे समय से फरार चल रहे 11 शातिर आरोपियों को भी पकड़कर अभिरक्षा में लिया गया।
इस व्यापक अभियान के दौरान पुलिस ने जिले में निगरानी सूची में दर्ज 41 गुंडा-बदमाशों की सघन जांच की, उनकी वर्तमान गतिविधियों का सत्यापन किया और कानून का उल्लंघन करने पर सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी।
वहीं संदिग्ध गतिविधियों में लिप्त पाए गए 10 व्यक्तियों के खिलाफ भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता की धारा 170 के तहत प्रतिबंधात्मक कार्रवाई की गई। एक अन्य कार्रवाई में पुलिस ने एक आरोपी के कब्जे से धारदार हथियार बरामद किया, जिसके बाद उसके खिलाफ आर्म्स एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया।
यातायात नियमों के पालन को लेकर भी पुलिस ने सख्ती दिखाई। पिछले एक सप्ताह के भीतर शराब पीकर वाहन चलाने वाले 105 चालकों के खिलाफ मोटर व्हीकल एक्ट की धारा 185 के तहत प्रकरण दर्ज कर कानूनी कार्रवाई की गई है। पुलिस का कहना है कि यह अभियान केवल एक दिन की कार्रवाई नहीं, बल्कि जिले में कानून व्यवस्था को मजबूत करने की निरंतर प्रक्रिया का हिस्सा है।
बिलासपुर पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि जिले में शांति और सुरक्षा बनाए रखने में सक्रिय सहयोग करें और किसी भी वारंटी, फरार आरोपी या संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत नजदीकी थाना या पुलिस कंट्रोल रूम को दें। पुलिस ने साफ किया है कि अपराधियों और असामाजिक तत्वों के खिलाफ इस तरह की सख्त कार्रवाई आगे भी लगातार जारी रहेगी।




