दसवीं के दो छात्रों ने प्रिंसिपल को 27 बार चाकू घोंपा, 500 के नोटों पर मिले खून के निशान; ‘बाबू’ शब्द से खुला हत्याकांड का राज
CCTV और फॉरेंसिक जांच से आरोपियों तक पहुंची पुलिस
तेलंगाना के नलगोंडा में स्कूल प्रिंसिपल रूपा रेड्डी की हत्या के मामले में पुलिस ने चौंकाने वाला खुलासा किया है। जांच में सामने आया कि स्कूल में पढ़ने वाले 10वीं कक्षा के दो 16 वर्षीय छात्रों ने कथित तौर पर पैसों के लिए प्रिंसिपल की हत्या की साजिश रची थी। आरोप है कि घर में लूट के दौरान दोनों ने प्रिंसिपल पर चाकू से 27 वार किए और वहां से नकदी लेकर फरार हो गए।
‘बाबू’ शब्द बना पुलिस के लिए बड़ा सुराग
हत्या की जांच के दौरान पुलिस को एक बेहद अहम सुराग मिला। वारदात से पहले प्रिंसिपल की फोन पर हुई आखिरी बातचीत में ‘बाबू’ शब्द सुनाई दिया था। पुलिस के मुताबिक, रूपा रेड्डी अपने छात्रों को अक्सर ‘बाबू’ कहकर बुलाती थीं। इसी बात ने जांचकर्ताओं का ध्यान स्कूल के छात्रों की ओर खींचा और मामले की जांच को नई दिशा मिली।
CCTV और फॉरेंसिक जांच से आरोपियों तक पहुंची पुलिस
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने पांच विशेष टीमें गठित की थीं। टीमों ने CCTV फुटेज, तकनीकी जानकारी और फॉरेंसिक साक्ष्यों की बारीकी से जांच की। इसके अलावा 80 से अधिक लोगों से पूछताछ की गई। जांच आगे बढ़ने के बाद पुलिस को दो नाबालिग छात्रों पर संदेह हुआ और पूछताछ में कथित तौर पर हत्या की साजिश से जुड़े तथ्य सामने आए।
लूट के लिए बनाई थी हत्या की योजना
पुलिस के अनुसार, दोनों छात्रों ने कथित तौर पर प्रिंसिपल के घर से पैसे लूटने की योजना बनाई थी। इसके लिए उन्होंने चाकू, दस्ताने और मास्क जैसी चीजों का इंतजाम किया। घर में घुसने के बाद लूट के दौरान प्रिंसिपल ने कथित तौर पर विरोध किया, जिसके बाद छात्रों ने उन पर चाकू से हमला कर दिया। पुलिस के मुताबिक, इसी हमले में उनकी मौत हो गई।
500 रुपये के तीन नोटों पर मिले खून के निशान
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से करीब 1.54 लाख रुपये नकद, एक आईफोन, चाकू, दस्ताने, मास्क और मोबाइल फोन बरामद किए हैं। जांच के दौरान 500-500 रुपये के तीन नोटों पर खून के धब्बे भी मिले। पुलिस को आशंका है कि लूट के दौरान संघर्ष होने पर खून नोटों पर लगा हो सकता है।
नलगोंडा के एसपी शरथ चंद्र पवार के मुताबिक, वैज्ञानिक साक्ष्यों और तकनीकी जांच की मदद से पुलिस इस हत्याकांड की कड़ियां जोड़ने में सफल रही। फिलहाल दोनों 16 वर्षीय छात्रों को हिरासत में लेकर मामले की आगे की जांच की जा रही है।




