
छत्तीसगढ़ के सक्ती जिले के सिंघीतराई ग्राम पंचायत स्थित 2×600 मेगावॉट वेदांता विद्युत संयंत्र में हाल ही में हुए भीषण हादसे के बाद राहत और मुआवजा प्रक्रिया तेज कर दी गई है। दुर्घटना में जान गंवाने वाले श्रमिकों के परिवारों तक कंपनी के प्रतिनिधि पहुंचकर मुआवजा राशि सौंप रहे हैं।
राज्य के भीतर प्रभावित परिवारों को सीधे सहायता दी जा रही है, वहीं अन्य राज्यों के मृत कर्मचारियों के परिजनों तक मुआवजा पहुंचाने के लिए व्हीएलसीटीपीपी संयंत्र और ठेका कंपनी प्रबंधन की ओर से विशेष टीमें रवाना की गई हैं।
दुर्घटना में घायल हुए श्रमिकों का इलाज रायगढ़ और रायपुर के अस्पतालों में जारी है। अस्पताल सूत्रों के अनुसार घायलों की स्थिति में धीरे-धीरे सुधार हो रहा है। बेहतर उपचार सुनिश्चित करने के लिए विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम भी तैनात की गई है।
प्रभावित परिवारों की सहायता के लिए कंपनी ने “वेदांता संवेदना केंद्र” नाम से 24×7 हेल्पलाइन भी शुरू की है, ताकि किसी भी प्रकार की जानकारी और मदद तत्काल उपलब्ध कराई जा सके।
हादसे के बाद कंपनी प्रबंधन द्वारा राहत और पुनर्वास कार्यों को प्राथमिकता दी जा रही है, जबकि प्रशासन की निगरानी में आगे की कार्रवाई जारी है।





