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Sonam Raghuvanshi: ‘उसे आखिर जमानत कैसे?’ सोनम रघुवंशी को बेल मिलने पर राजा के परिवार का फूटा दर्द

राजा की मां और भाई ने कहा कि उन्हें न्याय की उम्मीद थी, लेकिन जमानत मिलने से वे टूट गए हैं. अब परिवार हाई कोर्ट में जमानत रद्द कराने की तैयारी कर रहा है.

इंदौर । Sonam Raghuvanshi: इंदौर के चर्चित हनीमून मर्डर केस में मुख्य आरोपी सोनम रघुवंशी को शिलॉंग कोर्ट से जमानत मिलने के बाद राजा रघुवंशी के परिवार का दर्द सामने आया है. अदालत के फैसले से परिवार गहरे सदमे में है और उन्होंने इस पर सवाल उठाए हैं. राजा की मां और भाई ने कहा कि उन्हें न्याय की उम्मीद थी, लेकिन जमानत मिलने से वे टूट गए हैं. अब परिवार हाई कोर्ट में जमानत रद्द कराने की तैयारी कर रहा है.

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राजा रघुवंशी की मां उमा रघुवंशी ने कहा कि उन्हें कानून पर भरोसा था, फिर भी सोनम को जमानत दे दी गई. उन्होंने कहा कि सरकार को आरोपी को छोड़ना नहीं चाहिए था, बल्कि सख्त सजा दिलानी चाहिए थी. उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि पूरे मामले में कई लोगों की भूमिका है और परिवार को अब अपनी सुरक्षा की चिंता सता रही है. उमा रघुवंशी ने मामले की सीबीआई जांच की मांग भी की है.

राजा के भाई विपिन रघुवंशी ने बताया कि वकील से मिली जानकारी के अनुसार, सोनम की गिरफ्तारी के दौरान कुछ कानूनी प्रक्रियाओं का पालन नहीं हुआ था. इसी आधार पर अदालत ने जमानत दी है. उन्होंने कहा कि परिवार अब उच्च न्यायालय में जमानत निरस्त करने के लिए अपील करेगा.

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यह मामला पिछले साल देशभर में चर्चा में आया था. पुलिस के अनुसार राजा रघुवंशी और उनकी पत्नी सोनम 21 मई 2025 को हनीमून मनाने शिलॉंग गए थे. 26 मई को दोनों सोहरा घूमने निकले, जहां से अचानक लापता हो गए. इसके बाद पुलिस, एनडीआरएफ, एसडीआरएफ और स्थानीय टीमों ने बड़े पैमाने पर सर्च ऑपरेशन चलाया. करीब एक सप्ताह बाद राजा का शव वेई सादोंग फॉल्स के पास गहरी खाई में मिला था.

जांच में पुलिस ने दावा किया था कि यह हत्या सुनियोजित साजिश के तहत की गई. इस मामले में सोनम, राज कुशवाहा और तीन अन्य आरोपियों विशाल चौहान, आकाश राजपूत और आनंद कुर्मी के नाम सामने आए थे. सभी आरोपियों ने अपने ऊपर लगे आरोपों से इनकार किया है. सोनम करीब 10 महीने जेल में रही और अब जमानत मिलने के बाद उसकी रिहाई का रास्ता साफ हो गया है. इस फैसले के बाद मामला फिर से सुर्खियों में आ गया है.

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